Kolar News
Kolar News
ग्वालियर। नई दिल्ली में मध्यप्रदेश औद्योगिक विकास निगम लिमिटेड ने इंडियन मोबाइल कांग्रेस (आईएमसी) 2026 में स्टेट पार्टनर के रूप में सहभागिता की और मध्यप्रदेश को टेलीकॉम एवं इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण के उभरते डेस्टिनेशन के रूप में प्रस्तुत किया। कार्यक्रम के की-नोट सत्र में एमपीआईडीसी की कार्यपालक निदेशक श्रीमती अनीशा श्रीवास्तव ने प्रदेश में उपलब्ध निवेश अवसरों पर प्रकाश डाला। उन्होंने ग्वालियर में प्रस्तावित समर्पित टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग ज़ोन की जानकारी दी। इसका उद्देश्य टेलीकॉम उपकरण निर्माताओं, इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनियों, स्टार्टअप्स और एमएसएमई को आकर्षित करना है। इंडियन मोबाइल कांग्रेस के दौरान श्रीमती श्रीवास्तव ने उद्योग जगत के प्रतिनिधियों, उद्योगपतियों, स्टार्टअप्स और एमएसएमई के प्रतिनिधियों से भी संवाद किया। उन्होंने निवेश अवसरों, उद्योगों की आवश्यकताओं तथा मध्यप्रदेश में विनिर्माण एवं प्रौद्योगिकी इकाइयों की स्थापना की संभावनाओं पर चर्चा की। आईएमसी : 2026 में एमपीआईडीसी की सहभागिता से टेलीकॉम एवं इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण इकोसिस्टम के साथ प्रदेश का जुड़ाव और अधिक सुदृढ़ हुआ है। साथ ही मध्यप्रदेश में नए निवेश आकर्षित करने के प्रयासों को भी बल मिला है।
Kolar News
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 8 अक्टूबर यानी आज को सुबह लगभग 10 बजे नई दिल्ली के यशोभूमि में इंडिया मोबाइल कांग्रेस (आईएमसी) के 10वें संस्करण का उद्घाटन करेंगे। वे इस अवसर पर उपस्थिति जनसमूह को संबोधित भी करेंगे। दूरसंचार विभाग और सेलुलर ऑपरेटर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (सीओएआईI) द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित यह कार्यक्रम 7 से 10 अक्टूबर तक चलेगा। आईएमसी 2026 का विषय \"सीमाओं से परे विस्तार\" है, जो डिजिटल नवाचार, अगली पीढ़ी की कनेक्टिविटी और प्रौद्योगिकी-आधारित विकास में भारत की बढ़ती क्षमताओं को दर्शाता है। आईएमसी 2026 के चार प्रमुख स्तंभ होंगे - सृष्टि: भविष्य का निर्माण; संवर्धन: विकास को गति देना; सशक्त: अवसरों का विस्तार; और सुरक्षा: विश्वास का सुदृढ़ीकरण। यह नवाचार और अगली पीढ़ी के डिजिटल बुनियादी ढांचे, प्रौद्योगिकी-आधारित आर्थिक विकास, समावेशी डिजिटल पहुंच और सुरक्षित एवं गतिशील डिजिटल इकोसिस्टम के विकास पर केंद्रित होगा। आईएमसी 2026 वैश्विक रूप से प्रौद्योगिकी से जुड़े अग्रणी व्यक्तियों, नीति निर्माताओं, उद्योग विशेषज्ञों, स्टार्टअप्स, निवेशकों और नवोन्मेषकों को एक साथ लाएगा ताकि डिजिटल इकोसिस्टम में उभरते अवसरों का पता लगाया जा सके। 2026 संस्करण में नौ स्थापित प्रमुख सेक्टरों को शामिल किया जाएगा, जिनमें 5जी और 6जी, अगली पीढ़ी के एआई नेटवर्क, सेमीकंडक्टर, गैर-स्थलीय नेटवर्क, साइबर सुरक्षा, क्वांटम कम्युनिकेशन, उद्यम परिवर्तन, चक्रीय अर्थव्यवस्था और ईएसजी तथा इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण शामिल हैं। यह आयोजन अपने सेक्टर-वार फोकस को चार नए क्षेत्रों तक विस्तारित करेगा - स्मार्ट मोबिलिटी, स्टेडियम अनुभव, औद्योगिक रोबोटिक्स और परिवहन प्रौद्योगिकी। आईएमसी 2026 में 100 से अधिक देशों से 1.5 लाख से अधिक प्रतिभागियों के आने की उम्मीद है, जिसमें 500 से अधिक साझेदार और प्रदर्शक, 600 से अधिक स्टार्टअप्स और 900 से अधिक विचारकों की भागीदारी होगी। इस आयोजन में 2,000 से अधिक प्रौद्योगिकी उपयोग के उदाहरण और 120 से अधिक सत्र होंगे।
Kolar News
Kolar News
भोपाल। मध्यप्रदेश में निवेश और रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 8 अक्टूबर को मुंबई में उद्योग जगत के प्रमुख प्रतिनिधियों के साथ संवाद करेंगे। जनवरी 2027 में प्रस्तावित ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट से पहले होने वाले इस संवाद में मध्यप्रदेश में विकसित किए जा रहे विभिन्न सेक्टर के औद्योगिक क्षेत्रों और उनमें उपलब्ध निवेश अवसरों को संबंधित उद्योग समूहों के सामने प्रस्तुत किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रमुख उद्योगपतियों के साथ वन-टू-वन बैठकें भी करेंगे। मुंबई देश के प्रमुख औद्योगिक और कारोबारी केंद्रों में ही नहीं है बल्कि देश की आर्थिक राजधानी भी है। यहां ऑटोमोबाइल और ऑटो कंपोनेंट्स, इंजीनियरिंग, इलेक्ट्रॉनिक्स, फार्मास्युटिकल्स, टेक्सटाइल्स, केमिकल्स और उभरती ऊर्जा प्रौद्योगिकियों से जुड़े बड़े उद्योग समूह हैं। मध्यप्रदेश इन क्षेत्रों में निवेश की संभावनाओं को संबंधित कंपनियों तक पहुंचा रहा है, ताकि प्रदेश में विकसित किए जा रहे औद्योगिक अवसरों को उद्योगों की जरूरत और उनकी विस्तार योजनाओं से जोड़ा जा सके। विशेष क्षेत्रों में निवेश के अवसरमुंबई संवाद में ग्वालियर के टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन, नर्मदापुरम के बाबई मोहासा रिन्यूएबल एनर्जी इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरिंग जोन, धार के पीएम मित्र पार्क और उज्जैन के मेडिकल डिवाइसेज पार्क को प्रमुखता से सामने रखा जाएगा। ये परियोजनाएं अलग-अलग क्षेत्रों की जरूरत के अनुसार तैयार किए जा रहे विशेष औद्योगिक क्षेत्रों का हिस्सा हैं। ग्वालियर में टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग, नर्मदापुरम में रिन्यूएबल एनर्जी उपकरण, धार में टेक्सटाइल और गारमेंट तथा उज्जैन में मेडिकल डिवाइसेज और हेल्थकेयर मैन्युफैक्चरिंग से जुड़े उद्योगों के लिए अवसर उपलब्ध हैं। इन क्षेत्रों में निवेश से संबंधित उद्योगों के साथ सहायक इकाइयों और स्थानीय सप्लाई चेन के विकास की संभावनाएं भी बनेंगी। निवेश के साथ रोजगार पर जोरमध्यप्रदेश सरकार का जोर ऐसे निवेश पर है, जिससे प्रदेश में उत्पादन बढ़ने के साथ रोजगार के अवसर भी बढ़ें। बड़ी औद्योगिक इकाइयों के साथ उनके सप्लायर, सहायक उद्योग, लॉजिस्टिक्स और दूसरी सेवाओं का काम भी बढ़ता है। इससे स्थानीय उद्यमियों के लिए नए अवसर और युवाओं के लिए रोजगार की संभावनाएं बनती हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की उद्योगपतियों के साथ वन-टू-वन बैठकें इसी दृष्टि से महत्वपूर्ण होंगी। इन बैठकों में कंपनियों की निवेश और विस्तार योजनाओं के साथ उनकी जरूरतों को भी समझा जाएगा। भूमि, बिजली, लॉजिस्टिक्स, कुशल मानव संसाधन, सप्लाई चेन, अनुमतियों और नीतिगत सहयोग जैसे विषयों पर सीधे चर्चा होगी। उद्योगपतियों से मिलने वाले सुझावों के आधार पर प्रदेश की निवेश सुविधा व्यवस्था को उनकी जरूरतों के अनुरूप और बेहतर बनाने में भी मदद मिलेगी। सरकार के लिए यह जानना महत्वपूर्ण होगा कि विभिन्न क्षेत्रों में निवेश करने वाली कंपनियों को किस तरह की सुविधाओं और सहयोग की आवश्यकता है। फार्मा और मेडिकल डिवाइसेज क्षेत्र पर विशेष चर्चामुंबई कार्यक्रम में फार्मास्युटिकल क्षेत्र के साथ केंद्रित राउंडटेबल मीटिंग भी होगी। इसमें मध्यप्रदेश के फार्मा और हेल्थकेयर मैन्युफैक्चरिंग क्षेत्र की संभावनाओं पर चर्चा की जाएगी। उज्जैन के मेडिकल डिवाइसेज पार्क से संबंधित प्रेजेंटेशन भी उद्योग प्रतिनिधियों के दिया जाएगा। मध्यप्रदेश में विशेष क्षेत्र के अनुरूप औद्योगिक अधोसंरचना तैयार करने का उद्देश्य संबंधित उद्योगों के लिए आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराना है। इससे निवेशकों को अपने क्षेत्र के अनुसार औद्योगिक आधार मिलने के साथ स्थानीय स्तर पर सहायक उद्योगों और रोजगार के अवसर विकसित होने की संभावना रहेगी। उद्योगों के साथ सीधे संपर्क का विस्तारमध्यप्रदेश सरकार ने जनवरी 2027 में प्रस्तावित ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट की तैयारियों के साथ देश और विदेश के प्रमुख उद्योग समूहों से सीधा संपर्क बढ़ाया है। क्षेत्रीय उद्योग सम्मेलनों के बाद अब देश के प्रमुख औद्योगिक केंद्रों में जाकर संबंधित उद्योगों से बातचीत की जा रही है। मुंबई में भारत स्थित विदेशी मिशनों के साथ भी संवाद होगा। इसके माध्यम से मध्यप्रदेश में उपलब्ध निवेश अवसरों को अंतर्राष्ट्रीय कारोबारी नेटवर्क तक पहुंचाने और विदेशी निवेशकों को प्रदेश के क्षेत्र विशेष के अवसरों से जोड़ने की संभावनाओं पर चर्चा होगी। प्रधानमंत्री मोदी के भारत को वैश्विक विनिर्माण केंद्र के रूप में विकसित करने के विजन के अनुरूप मध्यप्रदेश में भी नई औद्योगिक अधोसंरचना और क्षेत्र विशेष के औद्योगिक अवसर तैयार किए जा रहे हैं। निवेश के लिए अनुकूल वातावरण बनाने के साथ उद्योगों की जरूरत के अनुसार सुविधाओं और निवेश सुविधा तंत्र को मजबूत किया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव उद्योगपतियों से मध्यप्रदेश में उपलब्ध निवेश अवसरों और उनकी जरूरतों पर सीधे चर्चा करेंगे। ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट : 2027 से पहले यह संवाद निवेश के इच्छुक उद्योग समूहों से संपर्क बढ़ाने का एक महत्वपूर्ण अवसर होगा।
Kolar News
भोपाल। सीएम निवास (समत्व भवन) में ले. जनरल अरविंद चौहान और मेजर जनरल विकास लाल सहित वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से भेंट की। उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. यादव को सेना दिवस 15 जनवरी 2027 का आमंत्रण दिया। वहीं सेना दिवस पर आयोजन में केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह शामिल होंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव को इस अवसर पर \"आर्मी डे परेड- 2027 आपकी सेना आपके पास\" की अवधारणा की जानकारी दी गई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव को बताया गया कि केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के इस आयोजन में आने की संभावना है। इसके अलावा अन्य विशिष्ट अतिथि भी भोपाल में हो रहे सेना दिवस कार्यक्रमों में सम्मिलित होंगे। इस अवसर पर मुख्यमंत्री कार्यालय में अपर मुख्य सचिव नीरज मंडलोई उपस्थित थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव को सेना दिवस के अवसर पर होने वाले प्रस्तावित कार्यक्रमों और विविध गतिविधियों और इस संबंध में की जा रही तैयारियों के बारे में भी अवगत करवाया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सेना दिवस के अवसर पर आयोजनों को गरिमामय बनाने के लिए राज्य शासन द्वारा आवश्यक सहयोग किया जाएगा। विभिन्न आयोजनों में राज्य शासन के विभाग सहभागी होंगे। वर्ष 2027 प्रदेश में युवा वर्ष होगा। इसमें युवाओं की भागीदारी के समुचित प्रयास किए जाएंगे। कार्यक्रमों की रूपरेखा वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों ने जानकारी दी कि सेना दिवस के अंतर्गत 1 नवम्बर 2026 को संकल्प वृक्ष आयोजन में शौर्य स्मारक परिसर में पौध-रोपण किया जाएगा। माह जनवरी 2027 में सैन्य प्रदर्शनी और एकीकृत युद्ध प्रदर्शन प्रस्तावित है। भोपाल के भेल क्षेत्र में कालीबाड़ी मार्ग पर आर्मी डे मुख्य परेड का आयोजन 15 जनवरी को होगा। साथ ही तात्या टोपे नगर स्टेडियम में 15 जनवरी की शाम देशभक्ति से और ओतप्रोत शौर्य संध्या, रण हुंकार का आयोजन किया जाएगा। भेल के जंबूरी मैदान में भारतीय सेना के अत्याधुनिक सैन्य उपकरणों के प्रदर्शन और भोजताल स्थित वीआईपी बोट क्लब क्षेत्र में सेना के शौर्य, सामरिक क्षमता और रणनीतिक कौशल पर आधारित इंटीग्रेटेड कॉम्बैट डिस्प्ले भी किया जाएगा। मुख्य परेड एवं उससे जुड़े कार्यक्रमों में लगभग 50 हजार प्रतिनिधियों के मौजूद रहने की संभावना है। इसके लिए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं। युवा शक्ति और नागरिक सहभागिता के प्रयास किए जा रहे हैं।
Kolar News
Kolar News
रायपुर। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सरकार के मुखिया के रूप में सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक आयोजित सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत आज कबीरधाम जिले में भव्य सेवा ज्योति यात्रा निकाली गई। उप मुख्यमंत्री एवं कवर्धा विधायक श्री विजय शर्मा, पंडरिया विधायक भावना बोहरा, फिल्म विकास निगम की अध्यक्ष, मोना सेन सहित जनप्रतिनिधियों और हजारों नागरिकों ने यात्रा में उत्साहपूर्वक सहभागिता की। सेवा ज्योति यात्रा से पूर्व शासकीय पीजी कॉलेज के डोम में आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ राष्ट्रगान के साथ हुआ। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी एवं भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के संबोधन को उपस्थित नागरिकों ने सुना। इसके बाद सेवा ज्योति यात्रा निर्धारित मार्ग से होते हुए सेवा ज्योति चौक पहुंची। यात्रा में सामाजिक संगठनों, युवाओं, महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों सहित बड़ी संख्या में जिलेवासियों ने भाग लेकर सेवा, जनभागीदारी और विकसित भारत-2047 के संकल्प का संदेश दिया। संकल्प मजबूत हो तो लक्ष्य कितना भी बड़ा हो, मंजिल हासिल की जा सकती है उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि 7 अक्टूबर 2001 को नरेन्द्र मोदी ने गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी और आज 7 अक्टूबर 2026 को सरकार के मुखिया के रूप में उनके सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूर्ण हो रहे हैं। इन 25 वर्षों की यात्रा सेवा, सुशासन, संकल्प और देश को आगे ले जाने की यात्रा रही है। शर्मा ने कहा कि संकल्प लेना बड़ी बात है, लेकिन उसे धरातल पर उतारना उससे भी बड़ी बात है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने विकसित भारत-2047 का संकल्प देश के सामने रखा है। वर्ष 2047 में जब भारत विकसित राष्ट्र बने, तब हमारा छत्तीसगढ़ विकसित छत्तीसगढ़, कबीरधाम विकसित कबीरधाम और कवर्धा विकसित कवर्धा बने, यह हम सभी का संकल्प होना चाहिए। उन्होंने कहा कि लक्ष्य बड़ा हो सकता है और रास्ता कठिन हो सकता है, लेकिन संकल्प मजबूत हो तो मंजिल हासिल की जा सकती है। सेवा ज्योति यात्रा केवल एक यात्रा नहीं, बल्कि जिले के विकास, सेवा और जनभागीदारी का संकल्प है। जब संकल्प बड़ा हो, नीयत स्पष्ट हो और 140 करोड़ देशवासियों की शक्ति साथ हो तो लक्ष्य कितना भी बड़ा क्यों न हो, “हम जरूर करबो।” *हिंसा की जगह विकास, भय की जगह विश्वास और बंदूक की जगह शिक्षा व रोजगार पहुंचे उप मुख्यमंत्री शर्मा ने कहा कि पिछले वर्षों में देश ने राष्ट्रीय एकता, सुरक्षा और विकास के क्षेत्र में महत्वपूर्ण बदलाव देखे हैं। आतंकवाद के विरुद्ध सर्जिकल स्ट्राइक, बालाकोट एयर स्ट्राइक और ऑपरेशन सिंदूर जैसी कार्रवाइयों ने भारत के सामर्थ्य का संदेश दिया है। जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 के अधिकांश प्रावधानों को समाप्त करने तथा अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि मंदिर निर्माण और रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा जैसी घटनाएं देश के सार्वजनिक जीवन में महत्वपूर्ण रही हैं। उन्होंने छत्तीसगढ़ के संदर्भ में कहा कि हमारा संकल्प स्पष्ट है कि हिंसा की जगह विकास पहुंचे, भय की जगह विश्वास पहुंचे और बंदूक की जगह शिक्षा, रोजगार और अवसर पहुंचे। यही विकसित छत्तीसगढ़ की दिशा है। विकसित भारत-2047 केवल सरकार का लक्ष्य नहीं, बल्कि 140 करोड़ भारतीयों का सामूहिक संकल्प है। कवर्धा, कबीरधाम और छत्तीसगढ़ को विकास की नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में प्रत्येक नागरिक की भूमिका महत्वपूर्ण है।
Kolar News
रायपुर। राज्यपाल रमेन डेका नवभारत परिवार द्वारा आयोजित 17वीं अखिल भारतीय फुटबॉल एवं जिला स्तरीय विद्यालय फुटबॉल प्रतियोगिता के समापन समारोह में शामिल हुए। उन्होंने फाइनल मुकाबला देखा और विजेता तथा उपविजेता टीमों को ट्रॉफी एवं नकद पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया। अखिल भारतीय प्रतियोगिता के फाइनल में तमिलनाडु पुलिस ने दल्लीराजहरा माइंस को 1-0 से हराकर खिताब जीता। विद्यालय स्तरीय प्रतियोगिता में सेंट जेवियर्स स्कूल भरनी ने नवीन पिछड़ा वर्ग क्रीड़ा परिसर को पराजित कर विजेता बनने का गौरव हासिल किया।राज्यपाल डेका ने खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए कहा कि खेल शारीरिक मजबूती के साथ अनुशासन, टीमवर्क और खेल भावना विकसित करते हैं। नियमित रूप से मैदान में खेलने से शरीर स्वस्थ और सक्रिय रहता है। उन्होंने कहा कि खेल अब करियर का भी महत्वपूर्ण माध्यम बन रहे हैं। खिलाड़ियों के लिए अपनी प्रतिभा और मेहनत के बल पर आगे बढ़ने के अवसर बढ़े हैं। प्रतियोगिता में बड़ी संख्या में खिलाड़ियों की सहभागिता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ के खेलों के क्षेत्र में निरंतर आगे बढ़ने की शुभकामनाएं दीं। डेका ने कहा कि फुटबॉल हमें सिखाता है कि लक्ष्य पाने के लिए प्रत्येक खिलाड़ी को अपनी भूमिका निभानी होती है। एक-दूसरे का साथ देना, नियमों का सम्मान करना और अंतिम मिनट तक प्रयास करते रहना ऐसे गुण हैं, जो जीवन के हर क्षेत्र में उपयोगी होते हैं। उन्होंने खिलाड़ियों को प्रेरित करते हुए कहा कि खेल का आनंद लें, मेहनत करते रहें और हार से सीखकर फिर मैदान में उतरें। आपकी लगन ही आपकी सबसे बड़ी पूंजी है। राज्यपाल ने कहा कि विद्यालय स्तर की प्रतियोगिताएं बच्चों की प्रतिभा निखारने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। इन्हीं बच्चों में से खिलाड़ी आगे चलकर राज्य और देश का प्रतिनिधित्व कर सकते हैं। जिला और राज्य स्तर के मुकाबलों से अनुभव मिलता है, जबकि अखिल भारतीय प्रतियोगिताओं में विभिन्न राज्यों की टीमों के साथ खेलने से खेल का स्तर बेहतर होता है और आगे की तैयारी की दिशा मिलती है। ऐसे आयोजनों का सिलसिला जारी रहना चाहिए, ताकि अधिक से अधिक प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का अवसर मिले। समापन समारोह में विभिन्न विभाग के अधिकारियों सहित बड़ी संख्या में खिलाड़ी एवं खेलप्रेमी दर्शक उपस्थित थे।
Kolar News
Kolar News
नई दिल्ली। सोने की संगठित तरीके से तस्करी के खिलाफ अपनी निरंतर कार्रवाई को जारी रखते हुए, राजस्व खुफिया निदेशालय (डीआरआई) ने भारत-बांग्लादेश सीमा पर एक खुफिया जानकारी के आधार पर चलाए गए एक ऑपरेशन के तहत लगभग 8.3 किलोग्राम विदेशी सोना जब्त किया है, जिसका मूल्य करीब 12.37 करोड़ रुपये है। तस्करी गतिविधियों के मामले में चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। खुफिया जानकारी के आधार पर चलाए गए एक महत्वपूर्ण ऑपरेशन में, डीआरआई अधिकारियों ने कूचबिहार जिले में भारत-बांग्लादेश सीमा पर निगरानी की और 05 अक्तूबर 2026 को उन्होंने चौधरीहाट (भारत-बांग्लादेश सीमा) से कूचबिहार जाने वाले रास्ते पर दो मोटरसाइकिलों पर जा रहे चार लोगों को रोका। संदिग्धों की तलाशी के दौरान सोने के बिस्कुट बरामद हुए, जिन्हें उनमें से दो ने विशेष रूप से बनवाए गए कपड़े के कमर-बेल्ट में छिपाकर रखा था।उन चार लोगों के पास से कुल 72 सोने के बिस्कुट बरामद किए गए, जिनमें से प्रत्येक का वजन 116 ग्राम था। सीमा शुल्क अधिनियम 1962 के संबंधित प्रावधानों के तहत लगभग 8.3 किलोग्राम वजन वाले और करीब 12.37 करोड़ रुपये के मूल्य के विदेशी सोने को जब्त किया गया और इसमें शामिल चारों लोगों को गिरफ़्तार कर लिया गया। आगे की जांच जारी है। यह ऑपरेशन कूचबिहार जिले में भारत-बांग्लादेश सीमा पर डीआरआई अधिकारियों की लंबे समय से चल रही चौकस निगरानी का परिणाम था। डीआरआई सीमा-पार के रास्तों से चल रहे सोने की संगठित तरीके से तस्करी के नेटवर्क को खत्म करने और तस्करी के इस कारोबार के पीछे के बड़े सिंडिकेट का पता लगाने के लिए प्रतिबद्ध है।
Kolar News
भोपाल। 20वें एशियाई खेल आइची-नागोया, जापान में भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक जीतकर देश का गौरव बढ़ाया है। 3 अक्टूबर को खेले गए फाइनल मुकाबले में भारतीय टीम ने मलेशिया को 5-1 से पराजित कर एशियाई खेलों में लगातार दूसरी बार हॉकी का स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इस स्वर्णिम सफलता के साथ भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने 2028 लॉस एंजिलिस ओलंपिक के लिए भी सीधे क्वालीफाई किया। भारतीय टीम की इस शानदार उपलब्धि पर मध्यप्रदेश पुलिस के पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाणा ने पूरी भारतीय पुरुष हॉकी टीम को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने टीम के सदस्य एवं मध्यप्रदेश पुलिस में पुलिस उप अधीक्षक विवेक सागर प्रसाद को भी इस गौरवपूर्ण उपलब्धि का हिस्सा बनने पर बधाई दी। *स्वर्णिम सफलता का हिस्सा रहे डीएसपी विवेक सागर प्रसाद* भारतीय पुरुष हॉकी टीम की इस ऐतिहासिक जीत में मध्यप्रदेश पुलिस के उप पुलिस अधीक्षक श्री विवेक सागर प्रसाद भी टीम के सदस्य के रूप में शामिल रहे। टीम के मिडफील्डर विवेक सागर प्रसाद ने पूरे टूर्नामेंट में भारतीय टीम के साथ अपने खेल कौशल और योगदान से देश की स्वर्णिम सफलता में सहभागिता की। भारतीय पुरुष हॉकी टीम की इस उपलब्धि से मध्यप्रदेश पुलिस भी गौरवान्वित है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारतीय हॉकी को गौरवान्वित करने वाली टीम का हिस्सा बनकर विवेक सागर प्रसाद ने मध्यप्रदेश पुलिस का नाम भी खेल जगत में रोशन किया है। इटारसी क्षेत्र के चांदौन निवासी विवेक सागर प्रसाद वर्ष 2021 में मध्यप्रदेश पुलिस में उप पुलिस अधीक्षक के पद पर नियुक्त हुए। इससे पूर्व वे टोक्यो ओलंपिक में कांस्य पदक जीतने वाली भारतीय पुरुष हॉकी टीम, 19वें एशियन गेम्स 2023 में स्वर्ण पदक, पेरिस ओलंपिक 2024 में कांस्य पदक तथा कॉमनवेल्थ गेम्स 2022 में रजत पदक जीतने वाली भारतीय पुरुष हॉकी टीम के भी सदस्य रहे हैं। इस प्रकार विभिन्न प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भारतीय हॉकी टीम के साथ उनकी निरंतर सहभागिता देश के लिए गौरव का विषय है। भारतीय पुरुष हॉकी टीम की एशियाई खेलों में यह स्वर्णिम उपलब्धि देश के खेल इतिहास में एक और गौरवपूर्ण अध्याय है। टीम के सदस्य के रूप में श्री विवेक सागर प्रसाद की सफलता मध्यप्रदेश पुलिस के लिए भी गौरव का विषय है।
Kolar News
|
All Rights Reserved ©2026 Kolar News.
Created By:
Medha Innovation & Development |