राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामला: SIT की रिपोर्ट सरकार को सौंपे जाने के बाद बड़े एक्शन के संकेत
अयोध्या में राम मंदिर के चढ़ावे में कथित चोरी के मामले की जांच कर रही तीन सदस्यीय एसआईटी ने अपनी प्रारंभिक रिपोर्ट उत्तर प्रदेश सरकार को सौंप दी है। एसआईटी सदस्य Vijay Vishwas Pant ने बताया कि यह गोपनीय जांच का प्रारंभिक प्रतिवेदन है, जिसे अपर मुख्य सचिव Sanjay Prasad को सौंप दिया गया है। रिपोर्ट की सामग्री सार्वजनिक नहीं की गई है, लेकिन माना जा रहा है कि इसके आधार पर जल्द ही महत्वपूर्ण कार्रवाई हो सकती है।
मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तीन वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों की एसआईटी गठित की थी। जांच के दौरान चढ़ावा गिनने वाले कर्मचारियों, ट्रस्ट से जुड़े कुछ लोगों और बैंक कर्मचारियों की भूमिका भी संदेह के दायरे में बताई जा रही है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, 20 पेज की रिपोर्ट में एफआईआर दर्ज करने और मंदिर ट्रस्ट के पुनर्गठन जैसी सिफारिशें किए जाने की चर्चा है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।
जांच में सामने आए सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों से दावा किया गया है कि चढ़ावे की गिनती के दौरान कुछ कर्मचारियों ने नकदी को कथित रूप से छिपाकर बाहर निकाला। साथ ही, सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था में कई खामियां भी पाई गईं। कर्मचारियों की ड्रेस कोड, चेकिंग प्रक्रिया और नकदी गिनती के प्रोटोकॉल में लापरवाही के आरोप लगे हैं। अब एसआईटी की अंतिम रिपोर्ट का इंतजार है, जिसके बाद जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।