Advertisement
भोपाल। मध्यप्रदेश में बिजली संकट पर राजनीति तेज होती जा रही है। इस मामले पर विपक्ष सरकार को पूरी तरह घेरे बैठी है। पूर्व सीएम कमलनाथ सरकार पर लगातार हमला कर रहे हैं। बिजली संकट को लेकर कमलनाथ पहले भी कई बार सरकार पर सवाल साध चुके है। शुक्रवार को एक बार फिर उन्होंने तंज कसते हुए कहा है कि बिजली संटक पर सीएम शिवराज का मौन पता नहीं कब टूटेगा।
कमलनाथ ने ट्वीट कर कहा कि भाजपा सरकार को प्रदेश में व्याप्त बिजली संकट व कोयला संकट से निपटने के लिए पूर्व इंतजाम करना थे लेकिन यह अब जाकर नींद से जागे हैं। अब विदेशों से आयात की तैयारी कर रहे हैं, सडक़ मार्ग से कोयला लाने के टेंडर कर रहे हैं और यात्री ट्रेनों को रद्द कर कोयले की ढुलाई का इंतजाम किया जा रहा है, जबकि यह सब पहले से किया जाना था।
पूर्व सीएम ने तंज कसते हुए कहा कि जब आग लग गयी है, तब कुआं खोदने में लगे हैं। अभी भी बिजली संकट व कोयले संकट को नकार रहे हैं, सच्चाई को स्वीकार नहीं कर रहे है जबकि पूरे प्रदेश में अघोषित बिजली कटौती जारी है, कोयले का रिजर्व स्टॉक खत्म होने के कगार पर है। कई विद्युत उत्पादन इकाइयाँ बंद पड़ी है, जो चालू भी है उनमें भी क्षमता से कम उत्पादन हो रहा है। कमलनाथ ने सीएम शिवराज पर निशाना साधते हुए कहा कि पता नहीं मुख्यमंत्री शिवराज सिंह का बिजली संकट व कोयले संकट पर मौन कब टूटेगा?
Kolar News
|
All Rights Reserved ©2026 Kolar News.
Created By:
Medha Innovation & Development |